हिमालय की सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण पर
पारंपरिक पौराणिक सांस्कृतिक कार्यक्रम डांस एवं ड्रामा का आयोजन किया

नैनीताल। अलायन्स ऑर्गेनाइजेशन देहरादून के तत्वावधान में संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार के सहयोग से हिमालय की सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण, संवद्र्धन और विकास विषय पर अध्ययन एवं शोध कार्य तथा पारंपरिक लोक कलाओं का प्रशिक्षण संपन्न होने के उपरांत राजकीय बालिका इंटर कॉलेज कोटद्वार में सोमवार को एक भव्य पारंपरिक पौराणिक सांस्कृतिक कार्यक्रम (डांस एवं ड्रामा) का आयोजन किया गया।
इससे पूर्व कार्यक्रम का शुभारंभ मुखय अतिथि प्रधानाचार्या सुषमा दास एवं विशिष्ट अतिथि तृप्ति कुकरेती द्वारा दीप प्रज्वलन कर किया गया। अलायन्स ऑर्गेनाइजेशन की अध्यक्ष माया राणा द्वारा अतिथियों का पुष्प गुच्छ एवं प्रतीक चिह्न भेंट कर स्वागत किया गया। कार्यक्रम का निर्देशन राकेंद्र रौथाण द्वारा एवं नृत्य निर्देशन अंकित भट्ट द्वारा किया गया। कार्यक्रम में माया राणा ने अपने स्वागत भाषण में कहा कि अलायन्स ऑर्गेनाइजेशन उत्तराखंड में संस्कृति के संरक्षण, संवद्र्धन और प्रचार प्रसार के लिए सतत कार्य कर रही है और हिमालय केवल एक भौगोलिक श्रृंखला नहीं अपितु आस्था, अध्यात्म व परंपरा और लोकजीवन का सजीव प्रतीक है। मुखय अतिथि प्रधानाचार्या सुषमा दास ने कहा हिमालय की संस्कृति केवल हमारी धरोहर नहीं बल्कि समूचे देश और मानवता का आधार है, इसका संरक्षण केवल सरकार का ही नहीं जन-जन का उत्तदायित्व है,बोली कि हमें अपने छोटे-छोटे प्रयासों से भी हिमालय और उसकी संस्कृति की रक्षा करनी होगी। विशिष्ट अतिथि तृप्ति कुकरेती ने कहा कि यह संस्कृति सिर्फ इतिहास नहीं बल्कि भविष्य की दिशा है।
कार्यक्रम में सर्वप्रथम गढ़ वंदना एवं माँ नंदा.सुनंदा की स्तुति प्रस्तुत की गई। इसके पश्चात गढ़वाली लोकगीत, झोड़ा, युगल नृत्य, नंदा राजजात, सामूहिक लोकनृत्य तथा अन्य पारंपरिक प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। पूरा परिसर उत्तराखंडी सांस्कृतिक रंग में रंग गया। नृत्य कलाकारों मेंरोहित, विशाल नेगी, शिवम् आर्य, मोनिका आर्य, मिनाक्षी नेगी, प्रिय लखेड़ा, सोनाली रावत, मधुलिका व पूजा नेगी, वंदना पांडेय जबकि गायन में शिवांगी घिल्डियाल, अक्षरा, राकेंद्र, अंकित भट्ट वहीं हारमोनियम में राकेंद्र रौथाण, ढोलक में सुधांशु बिष्ट,हुडक़ा में पुनीत,बांसुरी में राजन बिष्ट रहे। मंच संचालन प्रमोद रावत ने किया।




















