October 4, 2026
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नशा उन्मूलन, व साइबर क्राइम पर

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विशेष विधिक साक्षरता एवम जागरूकता शिविर

नैनीताल। सरोवर नगरी में उत्तराखण्ड राज्य विधिक प्राधिकरण नैनीताल के दिशा निर्देशानुसार , एवं माननीय जिला न्यायाधीश अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सुबीर कुमार जी के मार्गदर्शन मे ,सचिव ,जिला विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल बीनू गुलयानी के दिशा निर्देशन मे यशवंत कुमार द्वारा मोहन लाल साह बालिका विद्या मन्दिर मल्लीताल मे विधिक साक्षरता एवम जागरूकता शिविर का आयोजन शनिवार को किया गया। शिविर मे जिला विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल द्वारा बनाई गई लघु फिल्म छात्रों को दिखाई गई तथा मोटर वाहन अधिनियम संशोधन अधिनियम 2022) के अध्याय XI और XII के प्रावधानों एवं यातायात नियमों के बारे में विस्तार पूर्ण जानकारी भी दी गई जिसमे बताया गया की जिसमे बताया गया की अध्याय 11 उपभोक्ता संरक्षण और कानून से संबंधित है, जबकि अध्याय 12 दीवानी वादों से संबंधित न्यायालय की प्रक्रिया से संबंधित है। उपभोक्ता संरक्षण और कानून में दुर्घटनाओं में क्षतिपूर्ति, कानूनी सहायता, क्षतिपूर्ति का दावा तथा दीवानी वादों से संबंधित न्यायालय की प्रक्रिया में न्यायालय की प्रक्रिया,दावों का समाधान, प्रतिकर का निर्धारण इत्यादि समलित है। शिविर मे लघुत्तम फिल्म वीडियो के माध्यम से छात्र-छात्राओं को नशे से पीड़ित व्यक्तियों को किस प्रकार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा कैसे विधिक सहायता दी जाती है, तथा बताया की नशीले पदार्थों की लत एक व्यापक समस्या है। यह दुनिया भर में कई लोगों को प्रभावित करती है। लोगों में नशे की लत जल्दी से विकसित हो सकती है और एक बार नशे की आदत लगने के बाद इसे रोकना मुश्किल हो जाता है। नशे के उपयोग से गंभीर दीर्घकालिक स्वास्थ्य समस्याएं होती है और व्यक्ति के व्यवहार में परिवर्तन भी हो सकता है। लत के सामान्य लक्षणों में भूख न लगना, खराब समन्वय, बेचैनी, काम में रुचि न लेना, वित्तीय समस्याएँ, गुप्त व्यवहार, बार-बार मूड में बदलाव और चिंता शामिल हैं। इन सभी 1समस्याओं से बचने के लिए नशा मुक्ति ही एक उपाय है। तथा साइबर अपराध के बारे मे बताया की साइबर अपराध एक सामान्य शब्द है जो कंप्यूटर, नेटवर्क या डिजिटल उपकरणों के किसी अन्य सेट का उपयोग करके की जाने वाली असंख्य आपराधिक गतिविधियों का वर्णन करता है। साइबर अपराध को साइबर अपराधियों द्वारा की जाने वाली अवैध गतिविधियों की विशाल श्रृंखला के अंतर्गत माना जाता है। इनमें हैकिंग, फ़िशिंग, पहचान की चोरी , रैनसमवेयर और मैलवेयर हमले, कई अन्य शामिल हैं। यदि किसी भी व्यक्ति के साथ साइबर अपराध जैसी घटना हो जाए तो वह 1930 पर कॉल कर कर साइबर अपराध की जानकारी दे सकते हैं जिससे कि शिकायत दर्ज हो जाती है। नलासा टोल फ्री नंबर 15100 के बारे मे भी जानकारी दी गई। जागरूकता शिविर में प्रधानाचार्य शबनम, अध्यापक पूनम, अध्यापक पुष्पा दर्मवाल व अन्य अध्यापक उपस्थित रहे।

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