पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार में
आयोजित तीन दिवसीय प्रांतीय शतरंज एवं बैडमिंटन प्रतियोगिता मे
नैनीताल ओवरऑल चैंपियन रहा

नैनीताल । सरोवर नगरी के प्रतिष्ठित विद्यालय पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार में आयोजित तीन दिवसीय प्रांतीय शतरंज एवं बैडमिंटन प्रतियोगिता का समापन समारोह अत्यंत उत्साह एवं गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। प्रतियोगिता में प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए प्रतिभागियों ने उत्कृष्ट खेल प्रतिभा, अनुशासन एवं खेल भावना का परिचय दिया। समस्त प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए नैनीताल ओवरऑल चैंपियन रहा। बैडमिंटन प्रतियोगिता के अंतर्गत अंडर-14 बालक वर्ग में पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार ने प्रथम, बागेश्वर ने द्वितीय तथा रुड़की ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। अंडर-17 बालक वर्ग में पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार नैनीताल प्रथम, अल्मोड़ा द्वितीय तथा रुड़की तृतीय स्थान पर रहा। अंडर-19 बालक वर्ग में बागेश्वर ने प्रथम, पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार नैनीताल ने द्वितीय तथा अल्मोड़ा ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। बालिका वर्ग में अंडर-14 में नैनीताल प्रथम रहा। अंडर-17 वर्ग में बागेश्वर ने प्रथम, अल्मोड़ा ने द्वितीय तथा काशीपुर ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। अंडर-19 बालिका वर्ग में काशीपुर प्रथम, ऋषिकेश द्वितीय तथा रुड़की तृतीय स्थान पर रहे।
शतरंज प्रतियोगिता में अंडर-14 बालक वर्ग में हल्द्वानी प्रथम, हरिद्वार द्वितीय तथा पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार नैनीताल तृतीय स्थान पर रहा। अंडर-17 बालक वर्ग में हल्द्वानी प्रथम, पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार नैनीताल द्वितीय तथा हरिद्वार एवं रुड़की संयुक्त रूप से तृतीय स्थान पर रहे। अंडर-19 बालक वर्ग में पार्वती प्रेमा जगाती सरस्वती विहार नैनीताल ने प्रथम, हरिद्वार ने द्वितीय तथा काशीपुर ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। बालिका वर्ग में अंडर-14 में हरिद्वार प्रथम तथा रुड़की द्वितीय रही। अंडर-17 में रुड़की प्रथम, काशीपुर द्वितीय तथा हरिद्वार तृतीय स्थान पर रहा। अंडर-19 बालिका वर्ग में हरिद्वार प्रथम तथा काशीपुर द्वितीय स्थान पर रहा। प्रतियोगिता के समापन अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. सूर्य प्रकाश ने अपने उद्बोधन में कहा कि खेल विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। खेलों से अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, आत्मविश्वास तथा टीम भावना का विकास होता है। उन्होंने सभी प्रतिभागियों को उत्कृष्ट प्रदर्शन हेतु शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि हार और जीत जीवन का हिस्सा हैं, किंतु निरंतर प्रयास ही सफलता की कुंजी है। साथ ही उन्होंने आयोजन समिति एवं प्रशिक्षकों के प्रयासों की सराहना की। समारोह में विद्यालय के उपप्रधानाचार्य उमेश जी, चंदन जी, सुरेंद्र जी, नरेंद्र जी, विक्रांत जी, प्रियांशु जोशी जी , समीर जी, निपेन्द्र जी एवं जितेंद्र जी सहित अनेक शिक्षक एवं गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। समारोह के अंत में सभी विजेता प्रतिभागियों को पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया।





















