शिकार का विरोध करने पर चोटील करने के आरोपित को
अपर मुख्य न्यायाधीश मजिस्ट्रेट ने किया दोषमुक्त
नैनीताल। सरोवर नगरी में अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रवि रंजन की कोर्ट ने अवैध शिकार का विरोध करने पर नुकीले हथियार से चोटिल करने में आरोपित अक्षय कुमार निवासी डाक बंगला, नौकुचियाताल रोड, थाना भीमताल को धारा-323, 504 व 506 आइपीसी के अपराध से दोषमुक्त करार दिया है। कोर्ट ने कहा कि इस मामले में अभियोजन पक्ष ठोस एवं विश्वसनीय साक्ष्य प्रस्तुत करने में असफल रहा। अभियोजन के अनुसार 29 जुलाई 2023 की शाम भीमताल निवासी संजीव पांडे ने तहरीर दी कि आरोपित अक्षय कुमार वर्जित क्षेत्र में मछलियों का शिकार कर रहा था। मेरे द्वारा अवैध शिकार न का विरोध करने पर गाली गलौज व मारपीट की गई। यहां तक कि किसी नुकीले हथियार से आंख में चोट पहुंचाई। तहरीर के आधार पर भीमताल पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया और आरोपित के विरुद्ध कोर्ट में आरोप पत्र प्रस्तुत किया। आरोपित ने आरोपों से इन्कार किया। अभियोजन की ओर से छह गवाह सहित आठ दस्तावेजी साक्ष्य पेश किए गए, जबकि बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता प्रमोद तिवारी ने तर्क दिया कि वादी की ओर से बिना हस्ताक्षर की तहरीर थाने में दी गई। वादी की ओर से अपने बयानों में कथित हथियार से अभियुक्त के वार किए जाने का उल्लेख नहीं किया गया। कोर्ट ने दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद आरोपित को दोषमुक्त करार दिया।




















