दिवंगत धर्मशक्तू को श्रद्धांजलि
जिलाधिकारी रयाल ने दिवंगत आत्मा की अंतिम इच्छा को किया पूरा
धर्मशक्तू की देह सुशीला तिवारी कॉलेज प्रबंधन को दान दिए जाने की अनुमति देते हुए तत्काल आदेश जारी किए

प्रसिद्ध पर्वतारोही व बीएसएनएल से एसडीओ पद से सेवानिवृत हुए कमलुवागंजा हल्द्वानी निवासी पुरमल सिंह धर्मशक्तू का रविवार को निधन हो गया। मूल रूप से मुनस्यारी के टिमटिया गांव के रहने वाले धर्मशक्तू अपने सामाजिक कार्यों के लिए जाने जाते हैं । उनके पुत्र कार्तिकेय सिंह पिता की इच्छा के अनुरूप उनकी देह को राजकीय मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी को शैक्षणिक / अनुसंधान कार्य के लिए देना चाह रहे थे। लेकिन कागजात पूरे नहीं होने के चलते परिजन इस मामले को लेकर देर सायं जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल से मिले। जिलाधिकारी श्री रयाल ने मामले को गंभीरता पूर्वक लेते हुए तुरंत आदेश जारी करते हुए देह को निशुल्क दान करने की अनुमति देते हुए, मेडिकल कालेज प्रबंधन को आवश्यक निर्देश जारी किए गए। राजकीय मेडिकल कॉलेज ने उनकी देह को शैक्षणिक व अनुसंधान कार्य के लिए ले लिया है। इनके द्वारा जीवन में कराए गए महत्वपूर्ण सामाजिक कार्य धर्मशक्तू ने एक्सचेंज ग्रामीण क्षेत्रों में खोलने के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में लैंडलाइन कनेक्शन देने,डब्ल्यूएलएल सेवा पहुंचाने, जिले में ओएफसी लाइन बिछाने में भी सक्रिय भूमिका निभाई।
काम को लेकर अपनी धुन के पक्के रहे धर्मशक्तू स्वयं श्रमिकों के साथ काम करते थे।
युवाओं को पर्वतारोहण का प्रशिक्षण देने के साथ ही समय समय पर प्रेरणा देते थे। स्वयं के भी खर्चे पर पहाड़ों, ऊंची चोटियों की यात्रा कराते थे
कर्मचारी नेता बीडी नियोलिया,दिनेश गुरुरानी, मोहन लाल वर्मा, चंद्रशेखर सत्यवली,राजेन्द्र खनका जैसे कर्मचारी नेताओं के साथ कर्मचारियों के हित में सदैव संघर्षशील रहे।
धर्मशक्तू ने कैलास मानसरोवर यात्रा में संचार सेवा देने के लिए कई दशकों तक काम किया।




















