आशा फाउंडेशन की पहल जारी
राम मोंटेसरी स्कूल की छात्राओं और
शिक्षाओं को स्वयं के प्रति सचेत रहने के लिए किया जागरूक
संस्था की अध्यक्ष आशा शर्मा ने
छात्राओं और शिक्षिकाओं को से बने पेट्स किए वितरित






नैनीताल। सरोवर नगरी में बीते कई वर्षों से आशा फाउंडेशन महिलाओं और बालिकाओं के लिए कई जागरूकता अभियान लगातार चलती आ रही है इसी क्रम में सोमवार को श्री राम सेवक सभागार में राम मोंटसरी स्कूल के बालिकाओं और शिक्षकों के लिए एक जागरूकता कार्यक्रम रखा गया जिसमें संस्था की अध्यक्ष आशा शर्मा द्वारा बालिकाओं और शिक्षाओं को स्वयं के प्रति सचेत रहने के साथ-साथ अपने परिवार और समाज में जागरुकता लाने का प्रयास करें। रमा मोंटेसरी स्कूल की चेयर पर्सन नीलू एल्हेंस द्वारा यह कार्यक्रम रखा गया। बता दें श्रीमती एल्हेंस हमेशा से ही अपने स्कूल के विद्यार्थियों को जागरुकता अभियान से। जोड़कर रखने का प्रयास करती है। आज कक्षा 6 से 8 तक की बालिकाओं को समाज में फैली कुरितियों और स्वास्थ संबंधी जानकारियां दी गई। क्योंकि आशा शर्मा का मानना है कि यह बच्चों में सही विकास की पहली सीढी शिक्षा के साथ जागरूकता है। इस उम्र में उनको अच्छे और बुरे की पहचान होना बेहद जरुरी है ।इसलिए आज शिक्षिकाओं के साथ उनको कैंसर जैसी महामारी पर्यावरण संबंधी जानकारी और समाज में फैली बहुत सारी गलत अवधारणा जिनके प्रति सचेत रहना बेहद जरुरी है । बालिकाएं अपने घर में जाकर घर के प्रत्येक सदस्य को इन सब बातों से अवगत कराएं और अपनी माता बहनों को अपना ध्यान रखने के लिए बोले। आज आशा फाउंडेशन के द्वारा स्कूल की सभी शिक्षिकाओं में बालिकाओं को कपड़े से बनी हुई पैड्स जिनको रेउसबल पैड्स जो बार-बार धोकर इस्तेमाल कर सकते हैं आशा फाउंडेशन की अध्यक्ष आशा शर्मा ने छात्राओं और शिक्षिकाओं को कपड़े के बने पेट्स वितरण किए इनका इस्तेमाल लगभग 2 साल तक आसानी से हो सकता है ।इनसे पर्यावरण को कोई नुकसान नहीं होता।इनके इस्तेमाल से पर्यावरण की सुरक्षा में अपना सफल योगदान दिया जा सकता है। आज लगभग 60 छात्राओ और शिक्षिकाओं को पैड्स वितरित किया गया। आशा शर्मा ने बताया नैनीताल के लगभग सभी स्कूलों में बालिकाओं को यह पैड्स वितरित किए जा चुके हैं ।बाजार में मिलने वाले पैड को इस्तेमाल करके फेंकने से पर्यावरण को बहुत भारी नुकसान हो रहा है। इसीलिए आशा फाउंडेशन के द्वारा पिछले 5-6 वर्षों से लगातार बाजार के सैनिटरी पैड्स और बच्चों के लिए इस्तेमाल हो रहे डायपर्स को हटाने की महिम जारी है। और इनका जगह कपड़े से बने रेउसाबल डायपर्स और पैड्स वितरित किए जाते हैं। जो की ऑनलाइन आसानी से उपलब्ध है। फाउंडेशन की टीम का मानना है कि पर्यावरण में बढ़ते हुए प्रदूषण को बचाने के लिए हम सबको अपने-अपने तरीके से योगदान देकर एक सुंदर समाज की परिकल्पना का भागीदार बनना चाहिए।अंत में अध्यक्ष आशा शर्मा ने स्कूल प्रबंधन का और प्रिंसिपल हिमानी शाह और पूरे स्कूल के सभी शिक्षिकाओं का आभार व्यक्त किया इस मौके पर फाउंडेशन की टीम मे मुन्नी तिवारी, ईशा शाह ,नीलू एल्हेंस,शगुन सलाल आदि मौजूद थे।




















