September 26, 2026
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चर्चित ब्लॉगर   ज्योति अधिकारी को हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत

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नैनीताल । उत्तराखंड हाईकोर्ट ने हाल के दिनों में चर्चित बलागर ज्योति अधिकारी के द्वारा देवी देवताओं व पहाड़ की महिलाओं के खिलाफ  गलत भाषा का  चयन करके अपमानजनक शब्द बोलने पर उनके खिलाफ  सात में से पाँच दर्ज मुकदमों पर सुनवाई की। 
मामले की सुनवाई के बाद शीतआवकाशकालीन न्यायमूर्ति आलोक  महरा की एकलपीठ ने उनको राहत देते हुए  पांचों मुकदमों में उनकी गिरफतारी पर रोक लगा दी है साथ में कोर्ट ने राज्य सरकार से तीन सप्ताह में अपना जवाब पेश करने को कहा है। कोर्ट ने ज्योति अधिकारी से कहा है कि जो इससे संबन्धित पोस्ट उनके द्वारा सोशियल मीडिया में पोस्ट की हैं उन्हें तुरंत हटाएँ जिससे कि और कोई आहत न को। सोशियल मीडिया में पोस्ट करते वक्त उचित भाषा का चयन करना आवश्यक है जिससे  कोई आहत न हो।
मामले के अनुसार बलागर हल्द्वानी निवासी ज्योति अधिकारी के द्वारा अंकिता भण्डारी हत्या के आंदोलन के दौरान शोसियल मीडिया और धरना प्रदर्शन करते वक्त देवी देवताओं व पहाड़ की महिलाओं के खिलाफ  हाथ में दराती लेकर गलत भाषा का चयन करके अपमानजनक  शबद बोले गए जिससे काफ ी विवाद उतपन्न हो गया था। उनके द्वारा कहे गए शबदों से लोगों की धार्मिक भावनाएं आहत हुई, इससे नाराज होकर उनके खिलाफ  हल्द्वानी सहित कई जगहों पर सात मुकदमे दर्ज हुए, जिनमे से उनको दो मुकदमो में जेल जाना पड़ा जबकि बाकि पाँच मुकदमो में मंगलवार को  उच्च न्यायलय ने सुनवाई के बाद उनकी गिरफतारी पर रोक लगा दी ।
हाईकोर्ट में मंगलवार को हुई सुनवाई के दौरान सरकार की तरफ से कहा गया कि उनके द्वारा देवी देवताओं व पहाड़ की महिलाओं के लिए आपत्तिजनक शबद अपने फ लोवर बढ़ाने के लिए कहे गए। जिससे पहाड़ की महिलाएं आहत हुई। एक बलॉगर को ऐसे शबद नहीं कहने चाहिए जिससे किसी की आत्मा व भावनाओ को ठेस पहुंचे। याचिकाकर्ता की तरफ से कहा गया कि उनके द्वारा सोशियल मीडिया से ये पोस्ट हटा दी गयी हैं अन्य जो हैं उन्हें भी हटा दिया जाएगा। दो केसों में वह ६ दिन की जेल की सजा काट चुकी है। इसलिए अन्य पांच केसों में उनकी गिरफतारी पर रोक लगाई जाए।

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